लखनऊ,कानपुर। उत्तर प्रदेश विधानसभा में उस वक्त माहौल गरमा गया जब समाजवादी पार्टी की विधायक नसीम सोलंकी ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला। अपने संबोधन के दौरान उन्होंने भावुक अंदाज में कहा, “मेरे पति जब जेल में थे तब…”, और इसके साथ ही सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए।
नसीम सोलंकी ने सदन में अपने व्यक्तिगत अनुभवों का हवाला देते हुए कानून-व्यवस्था और प्रशासनिक रवैये पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार राजनीतिक द्वेष के चलते कार्रवाई कर रही है और आम लोगों को न्याय पाने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। उनके इस बयान के बाद सदन में कुछ देर के लिए शोर-शराबा भी हुआ। भाजपा सदस्यों ने उनके आरोपों का विरोध किया, जबकि सपा विधायकों ने उनका समर्थन किया। सोलंकी ने कहा कि जनता के मुद्दों से ध्यान भटकाने के बजाय सरकार को जमीनी समस्याओं पर काम करना चाहिए। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि विपक्ष की आवाज को दबाने की कोशिश की जा रही है। वहीं, भाजपा पक्ष की ओर से इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा गया कि सरकार कानून के अनुसार काम कर रही है और किसी के साथ भेदभाव नहीं किया जा रहा। सदन में इस मुद्दे को लेकर बहस के बाद राजनीतिक माहौल और गरमा गया है। विपक्ष ने इसे जनहित से जुड़ा मुद्दा बताते हुए सरकार से जवाबदेही की मांग की है।




