उन्नाव।राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण नई दिल्ली एवं उ0 प्र0 राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण लखनऊ के निर्देशों के अनुपालन के क्रम में प्रभारी जनपद न्यायाधीश /अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण उन्नाव, डॉ सत्यवान सिंह की अध्यक्षता में सुनील कुमार वर्मा प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय, रामायण शर्मा अध्यक्ष, स्थाई लोक अदालत तथा नित्यानंद श्रीनेत्र, पीठासीन अधिकारी मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण, प्रेम चंद अपर पुलिस अधीक्षक एवं सुशील कुमार गोंड अपर जिलाधिकारी द्वारा राष्ट्रीय लोक अदालत का शुभारम्भ जनपद न्यायालय उन्नाव के केन्द्रीय हॉल में दीप प्रज्जवलित कर किया गया | जिसमें कविता मिश्र अपर जिला जज, ममता सिंह अपर जिला जज/नोडल अधिकारी राष्ट्रीय लोक अदालत, विवेकानन्द विश्वकर्मा अपर जिला जज, राम राज-II अपर जिला जज, निवेदिता अस्थाना अपर जिला जज, शिप्रा आर्या अपर जिला जज, मनीष निगम अपर जिला जज /सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, उन्नाव, पूनम-II अपर न्यायाधीश परिवार न्यायालय द्वितीय, जयवीर सिंह नागर अपर जिला जज, शैलेन्द्र सिंह यादव अपर जिला जज, रवि प्रकाश साहू अपर जिला जज एफ.टी.सी-1, महेंद्र कुमार सिंह अपर जिला जज, विमल त्रिपाठी अपर जिला जज एफ़.टी.सी., स्वतंत्र प्रकाश अपर जिला जज एफ़.टी.सी-1, बार एसोसिएशन उन्नाव के कार्यवाहक अध्यक्ष धरमंगल सिंह एवं महामंत्री अनुज कुमार बाजपेयी, भव्या तिवारी मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, उन्नाव तथा अन्य सभी सम्मानित न्यायिक अधिकारीगण एवं लीगल एड डिफेन्स काउन्सिल, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण,उन्नाव के कर्मचारीगण व पराविधिक स्वयंसेवक उपस्थित रहें|
राष्ट्रीय लोक अदालत का शुभारम्भ करते हुये प्रभारी जनपद न्यायाधीश द्वारा अधिक से अधिक वाद सुलह समझौते के आधार पर लोक अदालत में निस्तारित किये जाने का आह्वान किया गया| राष्ट्रीय लोक अदालत के आयोजन में जनपद न्यायालय उन्नाव के विभिन्न न्यायालयों के न्यायिक अधिकारीगण द्वारा जिसमें मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण के 73 वाद एवं मोटर दुर्घटना प्रतिकर के वादों में रू. 52075000.00 प्रतिकर अवार्ड किया गया| वैवाहिक वाद 130 , बैंक रिकवरी 949 वाद का निस्तारण किया गया जिनमें रू. 109548000.00 धनराशि की अदायगी हेतु तय की गयी, बी.एस.एन.एल एवं फाइनेंस कंपनी के 74 वाद में 109548000 धनराशि की अदायगी हेतु तय की गयी, उत्तराधिकार के 14352247.60 रु० के प्रमाण पत्र जारी किये गये विविध दीवानी 37 वाद तथा आपराधिक शमनीय 4246 वादों में रू. 77 100 अर्थदंड ,एन.आई.एक्ट 03 के वाद, एवं अन्य 662 वाद का निस्तारण किया गया। राजस्व के 49122 परिवार न्यायालय द्वारा वैवाहिक प्रि-लिटिगेशन के 02 वाद तथा सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण उन्नाव द्वारा वैवाहिक प्रि-लिटिगेशन 05 वाद निस्तारण किया गया ।अन्य प्रि-लिटीगेशन वादों जिसमें विद्युत से सम्बन्धित 23292 मामलों का प्रि-लिटीगेशन के वादों का भी निस्तारण किया गया| अन्य लघु वाद का विशेष लोक अदालत में कुल 432 वादों का निस्तारण किया गया| वैवाहिक वादों में से 48 जोड़ों ने आपसी सुलह- समझौते के आधार पर पुनर्मिलन के लिए सहमत हुए और भविष्य में बिना किसी मतभेद के एक साथ जीवन जीने के वादे के साथ एक-दूसरे को माला पहनाई और अपनी कानूनी लड़ाई समाप्त कर दी। इस प्रकार राष्ट्रीय लोक अदालत के आयोजन में लगभग 78595 वादों का निस्तारण किया गया|




