अहमदाबाद: पाकिस्तान के 6 नागरिकों को 8 वर्ष की कैद, अवैध घुसपैठ मामले में विशेष NIA अदालत का फैसला

0
35

अहमदाबाद। स्थित विशेष NIA अदालत ने पाकिस्तान के छह नागरिकों को भारतीय समुद्री सीमा में अवैध रूप से प्रवेश करने के मामले में आठ वर्ष के कठोर कारावास और ₹52 हजार के जुर्माने की सजा सुनाई है। वहीं, इस मामले में गिरफ्तार किए गए भारतीय नागरिक समेत सभी सात आरोपियों को NDPS अधिनियम, UAPA और भारतीय दंड संहिता (IPC) के गंभीर आरोपों से बरी कर दिया गया।
मामला 21 मई 2019 का है, जब राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) को सूचना मिली थी कि पाकिस्तान की एक नाव भारतीय समुद्री सीमा में प्रवेश कर रही है। सूचना के आधार पर भारतीय तटरक्षक बल (Indian Coast Guard) ने कार्रवाई करते हुए नाव को रोका और उसमें सवार लोगों को हिरासत में लिया। मामले में छह पाकिस्तानी नागरिकों के साथ एक भारतीय नागरिक रमजान पलाणी को भी आरोपी बनाया गया था।
जांच एजेंसियों का आरोप था कि आरोपी पाकिस्तान से भारत में बड़ी मात्रा में हेरोइन की तस्करी करने और उससे प्राप्त धनराशि का उपयोग आतंकी गतिविधियों में करने की साजिश का हिस्सा थे। साथ ही, पाकिस्तानी नागरिकों पर बिना वैध पासपोर्ट और वीजा भारतीय समुद्री सीमा में अवैध प्रवेश करने का भी आरोप लगाया गया था।
सुनवाई के दौरान अदालत ने पाया कि हेरोइन की बरामदगी, तस्करी और आतंकी साजिश से जुड़े आरोपों के समर्थन में पर्याप्त और विश्वसनीय साक्ष्य प्रस्तुत नहीं किए जा सके। अदालत ने यह भी माना कि जांच के दौरान आवश्यक कानूनी प्रक्रियाओं का पूर्ण पालन नहीं किया गया तथा नाव से किसी भी संदिग्ध सामग्री या हेरोइन की बरामदगी साबित नहीं हो सकी। इसके चलते सभी आरोपियों को NDPS, UAPA और IPC के आरोपों से दोषमुक्त कर दिया गया।
हालांकि, अदालत ने यह माना कि छह पाकिस्तानी नागरिक बिना वैध पासपोर्ट, वीजा अथवा अन्य आवश्यक दस्तावेजों के भारतीय समुद्री सीमा में प्रवेश कर चुके थे। इस आरोप के प्रमाणित होने पर विशेष NIA अदालत ने छहों पाकिस्तानी नागरिकों को आठ वर्ष के कठोर कारावास और ₹52 हजार जुर्माने की सजा सुनाई, जबकि भारतीय नागरिक रमजान पलाणी को सभी आरोपों से बरी कर दिया।


LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here