फतेहपुर।हज़रत सैय्यद मसूद उर्फ़ शाह सैदू चिश्ती रहमतुल्लाह अलैह का कदीमी सालाना उर्स मुबारक अकीदत व उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। जिसमें दूर दराज़ से आए हुए अकीदतमंदों ने शिरकत करते हुए फ़ातिहाख्वानी कर व दुआएं मांगी। गुरुवार को शहर के कजियाना मोहल्ला स्थित हज़रत सैय्यद मसूद उर्फ़ शाह सैदू चिश्ती रहमतुल्लाह अलैह के उर्स तीसरे दिन नमाज़-ए-फज्र के बाद कुरआन ख्वानी व नज़र लंगर का आयोजन किया गया जो देर शाम तक जारी रहा। रात्रि को नमाज़-ए-इशा के बाद जश्ने मिलादुन नबी व दस्तारबंदी की रस्म अदा की गई। उर्स के प्रथम दिन शाम को नमाज़-ए-अस्र के बाद परचम कुशाई व रात्रि को
उर्स के दौरान दरगाह में फातिहा पढ़ते अकीदतमंद।
नमाज़-ए-इशा के बाद जलस-ए-किरातुल कुरआन का आयोजन किया गया। जबकि दूसरे दिन कुरआन ख्वानी व नज़र लंगर एवं रात को नमाज़-ए-इशा के बाद नातिया मुशायरा का आयोजन हुआ। उर्स के अवसर पर बड़ी संख्या में अकीदतमंदों ने बारगाह पर पहुंचकर हाजरी दी। उर्स के दौरान पहुंचे मरहूम हाशिम मियां के बेटे व हजरत सैय्यद मसूद चिश्ती रहमतुल्लाह अलैह के गद्दीनशीन हसनैन मियां चिश्ती ने अनुयायियों से भेंट की। वहीं दरगाह कमेटी ने बताया कि उर्स के अंतिम दिन शुक्रवार की शाम को नमाज़-ए-अस्र के बाद गागर का आयोजन किया जाएगा और रात को नमाज़-ए-इशा के बाद महफ़िल-ए-शमा का आयोजन होगा। उर्स के दौरान अकीदतमंदों की भारी उपस्थिति रही। उनके द्वारा गुलपोशी व चादरपोशी के साथ दुआएं मांगी गई।




