कानपुर। अखिल ब्रह्मांड की वसुंधरा पर सनातन धर्म के ध्वज वाहक स्वामी विवेकानंद युग युगांतर तक हिंदू जनमानस के बीच पथ प्रदर्शन के रूप में याद किए जाते रहेंगे, यह विचार पूर्व डीजीपी व वर्तमान सूचना आयुक्त राजकुमार विश्वकर्मा द्वारा प्रकट किए गए।
कामता सेवा संस्थान द्वारा स्वामी विवेकानंद के जन्म दिवस को युवा दिवस के रूप में रागेंद्र स्वरूप ऑडिटोरियम सिविल लाइंस कानपुर में शिक्षाविद डॉ नरेंद्र द्विवेदी की अध्यक्षता में किया गया संस्थान द्वारा इस 17 वें आयोजन के विशिष्ट अतिथि वाराणसी केंद्रीय पूजा समिति उत्तर प्रदेश अध्यक्ष एवं सहसंयोजक भाजपा काशी क्षेत्र तिलक राज मिश्रा दो बार के राष्ट्रपति द्वारा पुरस्कार विजेता पर्यावरणविद् ने पर्यावरण के रक्षार्थ समाज से संगठित होकर कार्य करने हेतु प्रबुद्ध जनों का आवाहन किया।
राष्ट्र की सीमा पर जान की बाजी लगाकर शत्रुओं के दांत खट्टे करने वाले कर्नल उत्कर्ष सिंह राठौर ने स्वामी जी को राष्ट्र की रक्षा हेतु सर्वस्व अर्पित करने वालों का प्रेरणाश्रोत बताया। युवा दिवस के विशिष्ट अतिथि वर्ष 1971 के बांग्लादेश युद्ध के महानायक कर्नल तेज सिंह टिक्कू ने स्वामी जी को भोगवाद से सराबोर और पाश्चात्य सभ्यता के अनुयायियों को सनातन व संस्कारों की महत्ता से अवगत कराया।
इस समारोह की शुरुआत पंडित अरविंद त्रिपाठी व निशांत तिवारी द्वारा स्वस्ति वाचन के साथ की गई। तत्पश्चात अतिथि जनों ने समवेत रूप से स्वामी विवेकानंद के तैल चित्र पर माल्यार्पण भी किया गया। कार्यक्रम में मुख्य वक्ता अवध बिहारी मिश्रा ने अपना व्याख्यान रखते हुए संस्थान के संरक्षक पूर्व अपर जिला जज डॉ आर एन सिंह ने एक निष्काम योगी व सनातन संस्कृति के पथ प्रदर्शक के रूप में याद किया।
समारोह की अध्यक्षता करते हुए शिक्षाविद डॉ नरेंद्र द्विवेदी ने मां काली की विशेष कृपा पात्र गुरु रामकृष्ण परमहंस अन्य शिष्य स्वामी जी को सनातन धर्म को ऊर्जा प्रदान करने वाले प्रकाश पुंज के रूप में याद किया।
कार्यक्रम का संचालन संस्था के प्रांतीय अध्यक्ष ओम नारायण त्रिपाठी के द्वारा किया गया।
संस्था के संस्थापक अनूप त्रिपाठी ने बताया कि प्रदेश व जनपद स्तर पर सनातन धर्म के प्रसार दीर्घकाल से सेवारत है। संस्थान द्वारा इस वर्ष पर्यावरण संरक्षित करने हेतु पूरे हाल में उपस्थित सम्मानित जनों से प्लास्टिक मुक्त वातावरण करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से अवध बिहारी मिश्रा, मंजू त्रिपाठी नारायण त्रिपाठी, अमरनाथ द्विवेदी,राहुल दीक्षित,प्रियल तिवारी, कमला दिवाकर,अंकिता सोनकर, गोपाल दास, हरनारायण मिश्रा,धीरज पांडे, राज कृष्ण पांडे, प्रदीप कुमार मिश्रा, विनोद निगम आदि लोग उपस्थित रहे।




